More

    आईआईएम इंदौर ने टिक टोक के साथ काम करने से किया इंकार। जानिए क्या किया था करार?

    भारत सरकार द्वारा प्रतिबंध किये गए ऐप में टिक टोक भी है, उसी के चलते आईआईएम इंदौर ने भी टिक टोक के साथ किये गए करार में प्रतिबन्ध लगा दिया है। यह करार आईआईएम के कॉन्क्लेव इवेंट पर टिक टोक के साथ आईआईएम इंदौर नै किया था।

    भारतीय प्रबंधन संस्थान (आइआइएम) इंदौर ने चायना की कंपनी के साथ काम करने से इंकार कर दिया है। इंदौर स्थित आइआइएम ने जनवरी 2020 में टिकटॉक के साथ शिक्षा और सामाजिक जागरूकता बढ़ाने वाले शॉर्ट वीडियो संदेश तैयार करने के संबंध में एक करार किया था। इसके तहत संस्था के छात्रों के लिए भी ज्ञानवर्धक वीडियो बनाए जाने थे।

    पिछले दिनों इंदौर मैनेजमेंट एसोसिएशन (आईएमए) के कॉन्क्लेव में टिकटॉक फॉर गुड इंडिया की हेड शुभी चतुर्वेदी और आइआइएम इंदौर के निदेशक प्रोफेसर हिमांशु राय के मध्य उक्त समझौते पर हस्ताक्षर किए गए थे। इस संबंध में प्रो. राय का कहना है कि भारत में टिकटॉक एप बंद होते ही समझौता अपने आप निष्क्रिय माना जाएगा। आइआइएम के तहत बनाए जाने वाले ज्ञानवर्धक शॉट वीडियों पर काम प्रारंभ ही नहीं हुआ था अत: करार के समाप्त होने का संस्थान पर कोई असर नहीं पड़ा है।

    आइआइएम इंदौर शहरों और दूरदराज के ग्रामीण क्षेत्रों के छात्रों के लिए ज्ञानवर्धक वीडियो बनाने की योजना पर काम कर रहा है। हिंदी और अंग्रेजी भाषा में विभिन्न विषयों पर यह वीडियो तैयार किए जाने है। टिकटॉक से करार रद्द करने के बाद अब आइआइएम इंदौर नए सहयोगियों से चर्चा कर रहा है।

    टीम indoreHD इस चीज़ का स्वागत करता है, और सभी लोगो से अपील करता है की चीन के ऐप का इस्तेमाल न करें।

    spot_img

    Latest articles

    Related articles

    spot_img